28/05/2026
सेवा में,
माननीय श्री नरेन्द्र मोदी जी, प्रधानमंत्री, भारत सरकार।
माननीय उपराज्यपाल (LG), दिल्ली।
माननीय मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता जी, दिल्ली सरकार।
माननीय श्री पंकज सिंह जी, परिवहन मंत्री, दिल्ली सरकार।
परिवहन आयुक्त, दिल्ली परिवहन विभाग।
विषय: दिल्ली में इकोनॉमी टैक्सी के मीटर किराए (₹12.50) में 13 वर्षों से लंबित संशोधन और सीएनजी/पेट्रोल की भारी कीमतों के संबंध में।
आदरणीय महोदय,
हम, 'चालक शक्ति यूनियन' के माध्यम से दिल्ली के हजारों टैक्सी चालकों की ओर से यह गंभीर याचिका प्रस्तुत कर रहे हैं। दिल्ली की जनता को दिन-रात निर्बाध सेवा देने वाला टैक्सी चालक आज प्रशासनिक उपेक्षा के कारण गहरे आर्थिक संकट में है।
प्रमुख तथ्य एवं ध्यानाकर्षण:
ईंधन की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि:
सीएनजी (CNG): वर्ष 2013 में सीएनजी की दर लगभग ₹38-40 प्रति किलो थी। आज वर्ष 2026 में यह ₹83.09 प्रति किलो हो चुकी है, जो 110% से अधिक की भारी वृद्धि है।
पेट्रोल (Petrol): वर्ष 2013 की तुलना में पेट्रोल की कीमतें भी लगभग ₹105-110 प्रति लीटर के पार पहुँच चुकी हैं, जिससे वाहन के रख-रखाव और अन्य खर्चों में भारी बढ़ोतरी हुई है।
स्थिर किराया दरें (अन्यायपूर्ण): वर्ष 2013 से आज 2026 तक, यानी पिछले 13 वर्षों में इकोनॉमी टैक्सी का मीटर किराया मात्र ₹12.50 प्रति किमी पर ही स्थिर रखा गया है। मुद्रास्फीति के इस दौर में किराए में 0% की वृद्धि चालकों के मौलिक अधिकारों का हनन है।
बढ़ता परिचालन व्यय: पिछले एक दशक में व्यावसायिक बीमा (Insurance), रोड टैक्स, फिटनेस शुल्क और स्पेयर पार्ट्स की कीमतों में 150% से 200% तक की वृद्धि हुई है।
मानवीय पक्ष: ₹83.09 की गैस और ₹110 के पेट्रोल के युग में ₹12.50 के पुराने रेट पर टैक्सी चलाकर चालक अपने परिवार का सम्मानजनक भरण-पोषण करने में पूरी तरह असमर्थ है।
हमारी माँगे:
किराया संशोधन (Immediate Revision): वर्तमान ईंधन दरों और महंगाई को आधार मानकर इकोनॉमी टैक्सी के किराए में तत्काल सम्मानजनक वृद्धि की जाए।
आधार किराया (Base Fare): ट्रैफिक जाम और कम दूरी की यात्राओं को देखते हुए पहले 2 किमी का न्यूनतम किराया बढ़ाया जाए।
नियमित समीक्षा: भविष्य के लिए एक 'ऑटोमेटिक रेंट रिव्यु' तंत्र बनाया जाए जो हर 2 वर्ष में किराए की समीक्षा करे।
निष्कर्ष:
अध्यक्ष श्री राकेश अग्रवाल जी के अडिग नेतृत्व और कोर टीम सदस्य श्री अनिल कुमार चांगरा जी के मार्गदर्शन में हम आपसे विनम्र प्रार्थना करते हैं कि इस आर्थिक शोषण को समाप्त करें। यदि आगामी 15 दिनों में हमारी जायज मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो 'चालक शक्ति यूनियन' पूरे दिल्ली प्रदेश में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन और चक्का जाम करने हेतु बाध्य होगी।
भवदीय,
(राकेश अग्रवाल)
अध्यक्ष, चालक शक्ति यूनियन (पंजी.)
मो: 9911155555 | वेब: www.chaalakshakti.org